खेल

hindi news portal lucknow

कोविड-19 का टीका आने के बाद चीजें सामान्य होगी: गांगुली

30 May 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

कोलकाता। भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के अध्यक्ष सौरव गांगुली ने कहा कि कोरोना वायरस के इलाज का टीका बनने के बाद जीवन सामान्य होने लगेगा। पूरी दुनिया पिछले कुछ महीने से कोविड-19 महामारी की चपेट में है। इसकी वजह से क्रिकेट सहित दुनियाभर में दूसरे खेलों का आयोजन भी प्रभावित हुआ है। गांगुली ने ‘अनअकेडमी’ ऐप पर कक्षा के एक सत्र में कहा, ‘‘ यह एक ऐसी चीज है जिसने दुनिया को पूरी तरह से झकझोर दिया है। मुझे लगता है कि चीजें समय के साथ पटरी पर लौट आएंगी। हमारे पास इससे नपटने के लिए दवा नहीं है। लेकिन छह-सात महीने में जब इसका टीका निकल जाएगा तब स्थिति समान्य हो जाएगी।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि क्रिकेट फिर से सामान्य हो जाएगा। हां, कार्यक्रम में कुछ बदलाव होंगे लेकिन बीसीसीआई और आईसीसी क्रिकेट को वापिस सामान्य स्थिति में लाने के लिए कुछ भी करेंगे।’’ गांगुली का मानना ​​है कि टीका के आने के बाद यह वायरस भी फ्लू या पीलिया जैसे किसी अन्य दूसरे बीमारी की तरह होगा। जिसका इलाज मौजूद होगा।पूर्व भारतीय कप्तान ने कहा,‘‘ क्रिकेट मजबूती से वापसी करेगा। खिलाड़ियों के लिए अलग-अलग चुनौतियां होगी। उन्हें चिकित्सा जांच भी करवाना होगा। मैं हालांकि इसे खेल में रूकावट की तरह नहीं देखता हूं। जैसे ही टीका निकलता है, मुझे लगता है कि जीवन सामान्य जीवन हो जाएगा’’ देश के सबसे सफल कप्तानों में शुमार गांगुली ने इस मौके पर अपने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि वह ‘संयोग’ से क्रिकेटर बन गये। उन्होंने कहा कि वह फुटबॉल को गंभीरता से ले रहे थे लेकिन उन्हें उनके पिता ने शरारत से दूर रखने के लिए क्रिकेट कोचिंग से जुड़ने के लिए कहा और उन्होंने तब से पीछे मुड़कर नहीं देखा।गांगुली ने कहा, ‘‘ फुटबॉल मेरी जिंदगी थी। मैं कक्षा नौ तक इसमें बहुत अच्छा था। एक बार गर्मी की छुट्टी के दौरान, मेरे पिता (दिवंगत चंडी गांगुली, जो बंगाल क्रिकेट संघ में थे) ने मुझसे कहा कि तुम घर जाकर कुछ भी नहीं करोगे। उन्होंने मुझे एक क्रिकेट अकादमी में डाल दिया।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ मेरे अपने माता-पिता और परिवार काफी अनुशासनप्रिय थे ऐसे में मेरे लिए यह उनसे से दूर रहने का अच्छा मौका था। मुझे नहीं पता कि मेरे कोच ने मुझमें क्या देखा, उन्होंने मेरे पिता से कहा कि वह मुझे फुटबॉल से दूर करे। इसलिए मैं क्रिकेट में उतर गया।’’ अपने पदार्पण मैच की शतकीय पारी को उन्होंने करियर का सर्वश्रेष्ठ लमहा करार देते हुए कहा, ‘‘ मैंने दलीप ट्रॉफी के पदार्पण मैच में शतक लगाया, बंगाल के लिए रणजी फाइनल में पदार्पण किया लेकिन अंतरराष्ट्रीय पदार्पण में लॉर्ड्स में शतकीय पारी खेलना किसी सपने की तरह था।



hindi news portal lucknow

महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने कहा- रेड जोन में एयरपोर्ट खोलना अत्यंत नासमझी है

24 May 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

मुंबई। महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने कहा है कि कोरोना वायरस वैश्विक महामारी के बीच रेड जोन में हवाईअड्डे फिर से खोलने का कदम अत्यंत नासमझी वाला है। केंद्रीय नागर विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने घोषणा की थी कि भारत में 25 मई से घरेलू यात्री उड़ान सेवा बहाल हो जाएगी। देशमुख ने इस संदर्भ में रविवार को ट्वीट किया, ‘‘रेड जोन में हवाईअड्डे खोलने की सलाह अत्यंत नासमझी वाली है।केवल यात्रियों की थर्मल जांच करना और लार के नमूने नहीं लेना अपर्याप्त होगा। मौजूदा परिस्थितियों में ऑटो/कैब/बसें चलाना असंभव है। संक्रमित रोगी के आने से रेड जोन पर दबाव और बढ़ जाएगा।’’

रेड ज़ोन के हवाई अड्डों को इन हालात में खोलना ख़तरनाक साबित होगा। स्वॅब्स बगैर यात्रियों का केवल थर्मल स्कॅनिंग पूरी तरह अपर्याप्त है।

अभी रिक्षा/टॅक्सी/बस को इतनी तादाद में चलाना भी असंभव है। साथ ही किसी पॉजिटिव यात्री को रेड ज़ोन में लाकर वहाँ के खतरे में बढ़ोतरी करना ग़लत है।उन्होंने कहा, ‘‘ग्रीन जोन से यात्रियों को रेड जोन में आने देने से संक्रमण का जोखिम बढ़ाने की बात समझ में नहीं आती।

किसी व्यस्त हवाईअड्डे को सभी कोविड-19 सुरक्षा उपायों के साथ संचालित करने के लिए बड़ी संख्या में कर्मियों की जरूरत होगी और इससे रेड जोन में खतरा बढ़ेगा।’’ महाराष्ट्र में कोरोना वायरस संक्रमण के अब तक कुल 47,190 मामले सामने आए हैं जिनमें 28,817 मामले मुंबई से हैं। महानगर में संक्रमण से अब तक 949 लोगों की मौत हो चुकी है।



hindi news portal lucknow

गंभीर चाहते हैं कि BCCI अगुआ की भूमिका निभाए , भारतीय टीम करे ऑस्ट्रेलिया का दौरा

11 May 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

मुंबई। पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर का मानना है कि मौजूदा संकट के दौर में भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) को अगुआ की भूमिका निभानी चाहिए और अगर इस साल के आखिरी में राष्ट्रीय टीम ऑस्ट्रेलिया का दौरा करती है तो इससे उनके मन में बोर्ड को लेकर सम्मान और बढ़ जाएगा। गंभीर बीसीसीआई के कोषाध्यक्ष अरूण धूमल के उस बयान पर प्रतिक्रिया दे रहे थे जिसमें उन्होंने कहा था कि भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया पहुंचने के बाद पृथकवास पर जा सकती है। दो सप्ताह के पृथकवास की जरूरत हालांकि तभी होगी जब द्विपक्षीय श्रृंखला से पहले वहां खेले जाने वाले टी20 विश्व कप का आयोजन नहीं होगा।गंभीर ने स्टार स्पोर्ट्स के कार्यक्रम ‘क्रिकेट कनेक्टेड’ में कहा, ‘‘ बीसीसीआई की तरफ से यह एक बहुत ही सकारात्मक संकेत है, क्योंकि मुझे लगता है कि वे एक बड़ी तस्वीर देख रहे हैं। इससे पूरे देश का मूड बदल सकता है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ ऑस्ट्रेलिया में श्रृंखला जीतना जरूरी है लेकिन यह सिर्फ श्रृंखला जीतने के बारे में नहीं है। इससे भारत ही नहीं ऑस्ट्रेलिया में भी सकारात्मक माहौल बनेगा।’’ भारतीय टीम को ऑस्ट्रेलिया दौरे पर चार टेस्ट मैच खेलना है। अगर यह दौरा नहीं हुआ तो क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया को 300 मिलियन ऑस्ट्रेलियाई डॉलर (लगभग 14.74 अरब रूपये) का नुकसान होगा।गंभीर ने कहा, ‘‘ अगर भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया का दौरा किया तो मेरे मन में बीसीसीआई के लिए सम्मान और बढ़ जाएगा।’’ भारत के लिए 58 टेस्ट और 147 एकदिवसीय खेलने वाले 38 साल के गौतम गंभीर ने इस मौके पर आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) की हाल ही जारी टेस्ट रैंकिंग पर सवाल उठाया। इस रैंकिंग में भारत को हटाकर ऑस्ट्रेलिया पहले स्थान पर आ गया। उन्होंने कहा, ‘‘ नहीं, मैं आश्चर्यचकित नहीं हूं, क्योंकि मुझे इन सभी रैंकिंग और अंक प्रणाली में विश्वास नहीं है। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में शायद सबसे खराब अंक प्रणाली है। आप घरेलू मैदान पर मैच जीते या विदेशी सरजमीं पर आपको बराबर अंक मिलता है। यह बकवास है।



hindi news portal lucknow

इरफान खान के निधन से सदमे में खेल जगत, दिग्गजों ने दी श्रद्धांजलि

29 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली और महान खिलाड़ी सचिन तेंदुलकर सहित विभिन्न खेलों के खिलाड़ियों ने बालीवुड अभिनेता इरफान खान के निधन पर शोक व्यक्त किया। इरफान का बुधवार को मुंबई के एक अस्पताल में निधन हो गया। वह 54 वर्ष के थे और लंबे समय से कैंसर से जूझ रहे थे। पूर्व क्रिकेटर युवराज सिंह भी कैंसर को मात देकर खेल में वापसी कर चुके हैं। उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘ मैं उनका दर्द जानता हूं और मैं जानता हूं कि वह अंत तक लड़े। कुछ भाग्यशाली होते हैं जो बच जाते हैं, कुछ ऐसा नहीं कर पाते। पूरा भरोसा है कि अब आप बेहतर जगह पर होंगे, आपके परिवार को मेरी संवेदनायें इरफान खान। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे।’’

भारतीय कप्तान विराट कोहली ने ट्वीट किया, ‘‘इरफान खान के निधन की खबर सुनकर काफी दुखी हूं। कितनी अद्भुत प्रतिभा और उन्होंने अपनी बहुमुखी प्रतिभा से सभी का दिल जीत लिया था। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। ’’ तेंदुलकर ने कहा कि इरफान उनके पसंदीदा अभिनेता थे और उन्होंने उनकी सभी फिल्में देखी हैं। तेंदुलकर ने ट्वीट किया, ‘‘इरफान खान के निधन की खबर सुनकर बहुत दुख हुआ। वह मेरे पसंदीदा कलाकारों में से एक थे, मैंने उनकी लगभग सारी फिल्में देखी हैं, अखिरी वाली ‘अंग्रेजी मीडियम’ थी। वह बहुत सहज अभिनेता थे, शानदार। उनकी आत्मा को शांति मिले। उनके परिवार वालों को संवेदनायें। ’’ पूर्व सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग ने ट्वीट किया, ‘‘ बेहतरीन अभिनेता, बेहतरीन प्रतिभा। उनके परिवार और उनके चाहने वालों के प्रति संवेदनायें। ’’ सलामी बल्लेबाज शिखर धवन ने लिखा, ‘‘उनकी आत्मा को शांति मिले। हमेशा अभिनेता और कलाकार के तौर पर आपके लाजवाब काम का लुत्फ उठाया। उनके परिवार के प्रति गहरी संवेदनायें और प्रार्थना। ’’

सुरेश रैना ने ट्वीट किया, ‘‘ इरफान खान के निधन की खबर सुनकर बहुत दुखी हूं। वह सच्चे अभिनेता थे जिनमें अपार प्रतिभा और काबिलियत मौजूद थी। उनकी काफी कमी खलेगी। उनके परिवार के प्रति दिल से संवेदनायें। ’’ पूर्व क्रिकेटर मोहम्मद कैफ ने लिखा, ‘‘ इरफान खान के निधन की खबर सुनकर दुखी हूं। उनके परिवार के प्रति गहरी संवदनायें। वह मेरे पसंदीदा अभिनेताओं में से एक थे, इतनी जल्दी चले गये। उनका काम हमेशा जीवित रहेगा। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। ’’ तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने ट्वीट किया, ‘‘इरफान खान के निधन की खबर सुनकर दुखी हूं। पूरे परिवार के लिये संवेदनायें। बेहतरीन कलाकार। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। ’’ भारतीय फुटबाल टीम ने अधिकारिक ट्विटर पर लिखा, ‘‘हम इरफान खान के असमय निधन पर शोक व्यक्त करते हैं जिन्होंने अपने स्क्रीन पर अपनी अभिनय से सभी के दिल को छुआ। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। ’’भारतीय फुटबाल टीम के कप्तान सुनील छेत्री ने लिखा, ‘‘खान साहब, आपने जो कुछ किया, उसमें आप लाजवाब थे और यह हमेशा जिंदा रहेगा। अपनी कला को हमारे तक पहुंचाने का शुक्रिया। शोकाकुल परिवार वालों को भगवान मजबूती प्रदान करे। ’’ भारतीय बैडमिंटन स्टार खिलाड़ी साइना नेहवाल ने ट्वीट किया, ‘‘इस महान कलाकार के साथ एक विज्ञापन की शूटिंग की थी, शानदार यादें सर। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। ’’ भारतीय टेनिस खिलाड़ी रोहन बोपन्ना ने ट्वीट किया, ‘‘प्रतिभाशाली अभिनेता इरफान खान के निधन की खबर सुनकर बहुत दुखी हूं। उनके परिवार और दोस्तों को संवेदनायें। ’’ भारतीय महिला हाकी टीम की कप्तान रानी रामपाल ने लिखा, ‘‘इरफान खान के असामयिक निधन की खबर सुनकर बहुत दुखी हूं। बेहतरीन अभिनेता, इतनी जल्दी चला गया। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे।



hindi news portal lucknow

नेहरा और हरभजन ने बताया, क्यों थूक व पसीने की जगह नहीं ले सकती वेसलीन

25 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली।अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) जहां कोविड-19 महामारी के बाद वायरस को फैलने से रोकने के लिये गेंद पर कृत्रिम पदार्थ के इस्तेमाल को वैध करने पर विचार कर रही है, वहीं भारत के कुछ क्रिकेटरों का मानना है कि थूक और पसीना ऐसी चीजें हैं जिन्हें पूरी तरह से खत्म नहीं किया जा सकता।पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज आशीष नेहरा और स्पिनर हरभजन सिंह को लगता है कि गेंद को चमकाने के लिये थूक का इस्तेमाल ‘जरूरी’ है। पूर्व सलामी बल्लेबाज आकाश चोपड़ा हालांकि इस विचार से सहमत हैं लेकिन वह जानना चाहते हैं कि सीमा कहां तक होगी

चर्चायें हालांकि शुरूआती चरण में हैं लेकिन सवाल पूछे जा रहे हैं कि अगर गेंद से छेड़छाड़ को वैध किया जाता है तो कौन से कृत्रिम पदार्थों का इस्तेमाल किया जा सकता है। तो क्या यह जेब में रखा बोतल का ढक्कन होगा जिससे गेंद की एक तरह को खुरचा जा सके या फिर गेंद को चमकाने के लिये वैसलीन (जॉन लीवर द्वारा मशहूर किया गया) या फिर चेन जिपर?नेहरा ने कृत्रिम पदार्थों के इस्तेमाल के विचार को पूरी तरह से खारिज करते हुए कहा, ‘‘एक बात ध्यान रखिये, अगर आप गेंद पर थूक या पसीना नहीं लगायेंगे तो गेंद स्विंग नहीं करेगी। यह स्विंग गेंदबाजी की सबसे अहम चीज है। जैसे ही गेंद एक तरफ से खुरच जाती है तो दूसरी तरफ से पसीना और थूक लगाना पड़ता है। ’’उन्होंने फिर समझाया कि कैसे वैसलीन से तेज गेंदबाजों की मदद नहीं हो सकती।नेहरा ने कहा, ‘‘अब समझिये कि थूक की जरूरत क्यों पड़ती है? पसीना थूक से ज्यादा भारी होता है लेकिन दोनों मिलाकर इतने भारी होते हैं कि ये रिवर्स स्विंग के लिये गेंद की एक तरफ को भारी बनाते हैं। वैसलीन इसके बाद ही इस्तेमाल की जा सकती है, इनसे पहले नहीं। क्योंकि यह हल्की होती है, यह गेंद को चमका तो सकती है लेकिन गेंद को भारी नहीं बना सकती। ’’हरभजन भी इस बात से सहमत थे कि थूक ज्यादा भारी होता है और अगर किसी ने ‘मिंट’ चबाई हो तो यह और ज्यादा भारी हो जाता है क्योंकि इसमें शर्करा होती है। लेकिन जब कृत्रिम पदार्थ के इस्तेमाल की बात है तो वह जानना चाहते हैं कि इसके विकल्प क्या हैं। उन्होंने कहा, ‘‘ऐसा नहीं है कि ‘मिंट’ को मुंह में डाले बिना ही इस्तेमाल किया जाये। शर्करा के थूक में मिलने से यह गेंद को भारी बनाता है।खुरची हुई गेंद भी स्पिनरों के लिये अच्छी होती है जिससे इसे पकड़ना बेहतर होता जबकि चमकती हुई गेंद ऐसा नहीं कर सकती। लेकिन मेरा सवाल है कि अगर आप अनुमति देते हो तो इसकी सीमा क्या होगी? ’’ वहीं चोपड़ा ने कहा कि आईसीसी जब तक यह नहीं बताती कि कृत्रिम पदार्थ क्या होंगे, तब तक कुछ भी कहना बेकार है। उन्होंने कहा, ‘‘मुझे हमेशा लगता है कि ‘मिंट’ के इस्तेमाल में समस्या नहीं होनी चाहिए। लेकिन अब वे इसे भी अनुमति नहीं देना चाहते। लेकिन अगर आप नियम बदलोंगे तो फिर उन्हें नाखून और वैसलीन का इस्तेमाल करने दीजिये लेकिन यह सब कहां खत्म होगा, भगवान ही जानता है।



hindi news portal lucknow

भारत-पाक मैच पर कपिल देव ने कहा- क्रिकेट बाद में, पहले स्कूल और कॉलेज खोलो

25 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली। महान हरफनमौला कपिल देव का मानना है कि कोरोना वायरस महामारी से उबरने के बाद स्कूल और कॉलेज खोलना युवा पीढी के लिये प्राथमिकता होनी चाहिये और कुछ समय के लिये खेलों की बहाली टाली जा सकती है। कोरोना महामारी के कारण दुनिया भर में खेल रद्द हो गए हैं। कपिल ने यूट्यूब चैनल ‘ स्पोर्ट्स तक’ से कहा ,‘‘ मैं वृहत तस्वीर देख रहा हूं। क्या आपको लगता है कि इस समय बात करने के लिये क्रिकेट ही बचा है। मैं बच्चों को लेकर चिंतित हूं जो स्कूल और कॉलेज नहीं जा पा रहे।’’ उन्होंने कहा ,‘‘ मैं चाहता हूं कि पहले स्कूल खुलें। क्रिकेट और फुटबॉल बाद में होते रहेंगे।’’कपिल ने दोहराया कि कोरोना से निपटने के लिये धन जुटाने की कवायद में भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय श्रृंखला के शोएब अख्तर के प्रस्ताव के वह खिलाफ है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान अगर भारत के साथ द्विपक्षीय क्रिकेट खेलने केा इतना ही बेचैन है तो पहले सरहद पार से भारत विरोधी गतिविधियां बंद करे और वह पैसा नेक काम में लगाये। उन्होंने कहा ,‘‘ आप भावनाओं के वेग में बहकर कह सकते हैं कि भारत और पाकिस्तान के मैच कराये जाने चाहिये। इस समय क्रिकेट खेलना प्राथमिकता नहीं है। अगर आपको पैसा चाहिये तो सीमा पार से गतिविधियां बंद कीजिये।’’ उन्होंने कहा ,‘‘ वह पैसा अस्पतालों और स्कूलों पर लगाइये। अगर हमें पैसा चाहिये तो हमारे कई धार्मिक संगठन हैं और इस समय आगे आना उनका फर्ज है।



hindi news portal lucknow

लाहौर हमले और भ्रष्‍टाचार ने पाकिस्‍तान क्रिकेट को बहुत नुकसान पहुंचाया: जहीर अब्बास

21 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

कराची। पाकिस्तान के पूर्व दिग्गज बल्लेबाज जहीर अब्बास ने कहा है कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने देश के क्रिकेट में भ्रष्टाचार से निपटने में ‘नरम’ रवैया अपनाया है जिसने देश में खेल को उतना ही नुकसान पहुंचाया जितना 2009 में श्रीलंका टीम पर आतंकी हमले ने पहुंचाया था।पाकिस्तान का यह पूर्व कप्तान खेलों में फिक्सिंग को अपराध की श्रेणी में लाने के सरकार से पीसीबी के आग्रह पर प्रतिक्रिया दे रहा था। अब्बास ने कहा, ‘‘यह पाकिस्तान बोर्ड का सही कदम है क्योंकि काफी लंबे समय से भ्रष्टाचार के मामलों से निपटने में हमारा रवैया नरम रहा है और इसके कारण कई प्रकरण सामने आए जिसने हमारी छवि को काफी नुकसान पहुंचाया और हमारी क्रिकेट प्रगति को भी प्रभावित किया।’’उन्होंने कहा, ‘‘श्रीलंका की टीम बस पर आतंकी हमले ने अगर पाकिस्तान क्रिकेट को बड़ा नुकसान पहुंचाया और हम स्वदेश से बाहर खेलने को बाध्य हुए तो इन भ्रष्टाचार प्रकरणों ने भी वर्षों से हमारे क्रिकेट को कम नुकसान नहीं पहुंचाया।’’ अब्बास ने कहा कि फिक्सिंग को आपराध की श्रेणी में लाने के लिए कानून बनाने का प्रयास बोर्ड को काफी पहले करना चाहिए था क्योंकि इससे हाल के समय में सामने आए स्पाट फिक्सिंग के मामले नहीं होते। उन्होंने कहा, ‘‘अंत में नुकसान पाकिस्तान क्रिकेट का हुआ क्योंकि हमने अच्छे खिलाड़ी गंवा दिए और इससे भी अधिक हमने क्रिकेटरों को गलत संदेश दिया।



hindi news portal lucknow

बबीता फोगाट ने वीडियो जारी कर कहा, जमातियों को लेकर किये गए ट्वीट पर हूं कायम

17 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

भिवानी। कोरोना वायरस को लेकर पिछले दिनों जमातियों पर किए गए विवादित ट्वीट के बाद पहलवान और भाजपा नेता बबीता फोगाट ने एक वीडियो जारी कर कहा कि वह अब भी ट्वीट में कही गयी अपनी बात पर कायम हैं। बबीता ने वीडियो में कहा, ‘‘ कुछ लोग सोशल मीडिया पर गलत-गलत मैसेज करने लगे, गालियां देने लगे और फोन करके धमकी देने लगे हैं, मैं उनसे कहना चाहूंगी कि मैं अपने ट्वीट पर कायम हूं, जिन्हें सच सुनने में समस्या है वे अपने आप में सुधार लाकर सच सुनने की आदत डाल लें। ’’यदि आप बबीता फोगाट को सपोर्ट करते हैं तो उन तक यह बात जरूर पहुंचा दीजिए और उनको बोलिए ध्यान से कान खोल कर सुन लें।गौरतलब है कि हाल में बबीता ने जमातियों पर ट्वीट करके विवाद पैदा कर दिया था। उन्होंने वीडिया में कहा, ‘‘ जो लोग धमकी दे रहे हैं, उन लोगों को कह रही हूं कि कान खोलकर सुन लो। दिमाग में बैठा लो। मैं कोई जायरा वसीम नहीं हूं, जो तुम्हारी धमकियां सुनकर घर बैठ जाउंगी। मैं बबीता फोगाट हूं, देश के लिए लड़ी हूं और ऐसे ही लड़ती रहूंगी। ’’ उन्होंने कहा, ‘‘मैंने ट्वीट पर कुछ गलत नहीं लिखा। उस ट्वीट पर अब भी कायम हूं। मैंने उन लोगों के बारे में लिखा है जिन्होंने कोरोना संक्रमण को फैलाया है। क्या तबलीगी जमात के लोगों ने कोरोना संक्रमण को नहीं फैलाया? क्या वे नंबर-1 पर नहीं बने हुए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘तब्लीगी जमात के लोगों ने हिंदुस्तान में कोरोना नहीं फैलाया होता तो लॉकडाउन कब का खुल चुका होता और कोरोना हार गया होता। मैनें धर्म, समुदाय या किसी जाति के बारे में नही लिखा मैनें उन लोगों के बारे में लिखा जिन्होंने कोरोना फैलाया है।



hindi news portal lucknow

लॉकडाउन में घर के अंदर विराट कोहली पर चीखती दिखाई पड़ी अनुष्का शर्मा, कहा- ऐ कोहली...

17 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

बॉलीवुड एक्ट्रेस अनुष्का शर्मा और भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली की जोड़ी को लोग काफी पसंद करते हैं। विराट ने 2017 में अनुष्का के साथ सात फेरे लिए थे। तब से दोनों साथ हैप्पी लाइफ जी रहे हैं। देश में लॉकडाउन है तो विराट अनुष्का से साथ ही अपने आपको घर में आइसोलेट किया हुआ है। विराट और अनुष्का घर के अंदर एंजोय करते हुए सोशल मीडिया पर तस्वीरें शेयर करते रहते हैं।

दोनों ने साथ में कई रोमांटिक तस्वीरे भी शेयर की है लेकिन आज जो अनुष्का ने अपने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर किया है वो काफी हैरैन करने वाला है। जब इस वीडियो को पहली बार देखा गया तो समझ ही नहीं आया आखिर आनुष्का शर्मा को हो क्या गया है? आखिर वो विराट कोहली से ऐसे क्यों बात कर रही हैं, लेकिन वीडियो में जब विराट को देखा तो समझ आया कि ये तो एक मजाक है।दरअसल अनुष्का शर्मा ने सोशल मीडिया पर जो वीडियो शेयर किया है उसमें वो विराट कोहली को कहली है.... ऐ कोहली क्या कर रहा है... ऐ विराट.. चौका मार चौका,, ऐ विराट सुन ना चौका मार, मार चौका.... कुछ इसी तरह विराट के एक फैन ने एक मैच के दौरान बोला था। विराट की पत्नी अनुष्का उसी फैन की एक्टिंग कर रही है वीडियो में। अनुष्का शर्मा ने ये वीडियो शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा- 'मुझे लगा वो क्रिकेट के मैदान को मिस कर रहे होंगे। साथ ही लाखों फैंस को भी जो उन्हें खूब प्यार देते हैं। वो जरूर एक खास तरह के फैंस को मिस कर रहे होंगे इसलिए घर बैठे मैंने खुद इस अनुभव का मौका दिया।'



hindi news portal lucknow

प्रीमियर लीग में वेतन कटौती के कारण लग सकता है ट्रांसफर पर रोक: नेविल

13 Apr 2020 [ स.ऊ.संवाददाता ]

लंदन। मैनचेस्टर युनाइटेड के पूर्व कप्तान गैरी नेविल का मानना ​​है कि प्रीमियर लीग उन क्लबों के खिलाड़ियों के ट्रांसफर पर रोक लगा सकता है जो कोविड-19 महामारी के कारण वेतन में कटौती कर रहे है।इंग्लैंड में घरेलू फुटबाल की शीर्ष लीग की कई टीमों ने अपने खिलाड़ियों से वेतन में 30 प्रतिशत की कटौती का निवेदन किया है। एक अनुमान के मुतबित अगरसत्र पूरा नहीं होगा तो प्रीमियर लीगको 1.2 अरब डालर का नुकसान हो सकता है। कुछ फुटबाल क्लबों ने ब्रिटिश सरकार की योजना का लाभ उठाने के लिए गैर-खिलाड़ी सदस्यों को फर्लों पर भेज दिया।इस योजना के मुताबिक नौकरी गंवाने वाले कर्मचारियों को 2,500 डालर तक वेतन का 80 प्रतिशत मुआवजे के तौर पर मिलने का प्रावधान है। प्रशंसकों और मीडिया से आलोचना के बाद हालांकि लीवरपूल ने इससे जुड़े अपने फैसले को वापस ले लिया।नेविल ने कहा, ‘‘ प्रीमियर लीग में पिछले साल खिलाडियों के ट्रांसफर पर 1.4 अरब डालर खर्च हुआ था। इससे तीन साल पहले हर साल एक अरब डालर से अधिक खर्च हुआ है। ऐसे में अगर मौजूदा खिलाड़ियों के वेतन में 30 प्रतिशत काटौती होती है तो आपको ट्रांसफर पर रोक लगाना होगा।



12345678910...