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एपल जल्द ही भारत में बड़े स्तर पर शुरू कर सकता है मैन्युफैक्चरिंग

17 Jul 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नई दिल्ली। भारत में आइफोन की मैन्युफैक्चरिंग शुरू करने के मामले पर एपल और सरकार सहमति बनाने के काफी करीब पहुंच गई है। इस मामले में दोनों के बीच विवादित मुद्दों को लगभग सुलझा लिया गया है। जल्दी ही एपल भारत में आइफोन का निर्माण शुरू करने की घोषणा कर सकती है। इस संबंध में पिछले सप्ताह एपल इंडिया के प्रतिनिधियों की सरकार के साथ हुई बैठक में कई मुद्दों पर सहमति के आसार बन गए हैं।सूत्रों के मुताबिक बीते शुक्रवार को एपल इंडिया के एमडी स्ट्रैटिजी व पॉलिसी विराट भाटिया ने संसद भवन में केंद्र सरकार के तीन मंत्रियों के साथ मुलाकात कर विस्तार से कंपनी के मुद्दों पर बातचीत की। बैठक में इलेक्ट्रॉनिक व सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद, वाणिज्य, उद्योग और रेल मंत्री पीयूष गोयल और विदेश मंत्री एस जयशंकर मौजूद थे। सूत्र बताते हैं कि भाटिया ने कंपनी की सभी चिंताओं से सरकार के मंत्रियों को अवगत कराया।

माना जा रहा है कि एपल को सरकार की तरफ से हर तरह की मदद का पूरा भरोसा दिया गया है। सूत्रों के मुताबिक इसी के बाद एपल भारत में आइफोन का पूरी तरह निर्माण शुरू करने को राजी होती दिख रही है। दरअसल, एपल अब भारत को सिर्फ बाजार के रूप में नहीं देख रही है। उसकी नजर में अब भारत बड़े मैन्यूफैक्चरिंग हब के तौर पर विकसित हो रहा है। चूंकि कंपनी चीन की मैन्यूफैक्चरिंग इकाइयों पर से अपनी निर्भरता कम करना चाहती है, इसलिए उसका ध्यान कम उत्पादन लागत होने की वजह से भारत पर है।

एपल की योजना अब भारत में आइफोन के अपने टॉप मॉडलों का निर्माण शुरू करने की है। इसके लिए कंपनी बाकायदा मैन्यूफैक्चरिंग इकाई लगाने का एलान कर सकती है। अभी कंपनी पुराने मॉडलों का निर्माण भारत में करती है। लेकिन अब वह पूरी तरह से सभी तरह के मोबाइल फोन के निर्माण की तैयारी में है। सरकार भी देश में मोबाइल फोन की निर्माण इकाई लगाने को प्रोत्साहन दे रही है। प्रसाद पिछली सरकार के वक्त से ही देश में मोबाइल फोन इकाइयों को प्रोत्साहन देने की नीति पर काम कर रहे हैं।



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सोना-चांदी के भाव में तेजी

14 Jul 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

इंदौर। स्थानीय सर्राफा बाजार में शनिवार को सोना 150 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी के भाव में 275 रुपये प्रति किलोग्राम की तेजी रही। व्यापार में सोना ऊंचे में 35,500, नीचे में 35,400 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी ऊंचे में 38,600 एवं नीचे में 38,525 रुपये प्रति किलोग्राम बिकी। मूल्यवान धातुओं के औसत भाव इस प्रकार रहे।

सोना 35,450 रुपये प्रति 10 ग्राम।

चांदी 38,575 रुपये प्रति किलोग्राम।

चांदी सिक्का 625 रुपये प्रति नग।



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सोना स्थिर, चांदी मजबूत, सिक्का एक हजार रुपये प्रति सैकड़ा चढ़ा

08 Jul 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली। बजट में सोने के आयात पर शुल्क वृद्धि की घोषणा से इस पीली धातु के दाम लगातार दो दिन बढ़ने के बाद सोमवार को स्थिर रहे। सोमवार को सोना 35,470 रुपये प्रति दस ग्राम पर बोला गया। बजट 2019-20 में सरकार ने सोने और अन्य बहुमूल्य धातुओं पर सीमा शुल्क को मौजूदा 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 12.5 प्रतिशत करने का प्रस्ताव किया है। अखिल भारतीय सर्राफा संघ के अनुसार दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 99.9 और 99.5 प्रतिशत शुद्धता क्रमश: 35,470 रुपये और 35,300 रुपये प्रति दस ग्राम पर स्थिर रुख के साथ बंद हुआ।

आठ ग्राम वाली गिन्नी भी 27,300 रुपये पर स्थिर रही। वैश्विक स्तर पर न्यूयॉर्क में सोना 1,403.59 डॉलर प्रति औंस पर लाभ में चल रहा था। वहीं चांदी भी बढ़त के साथ 15.05 डॉलर प्रति औंस पर थी। शनिवार को सोना 670 रुपये की बढ़त के साथ 34,470 रुपये प्रति दस ग्राम पर पहुंचा था। वहीं बजट वाले दिन सोना 590 रुपये चढ़ा था। इस बीच, चांदी हाजिर 148 रुपये बढ़कर 38,948 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। साप्ताहिक डिलिवरी भाव 808 रुपये के लाभ के साथ 38,093 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया। शनिवार को चांदी 300 रुपये चढ़कर 38,800 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई थी। चांदी सिक्के की अच्छी मांग रही। सिक्का लिवाल 1,000 रुपये बढ़कर 81,000 रुपये और बिकवाल भी 1,000 की बढ़त के साथ 82,000 रुपये प्रति सैकड़ा पर पहुंच गया।



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एलएंडटी के अधिग्रहण के बाद माइंडट्री के चेयरमैन, सीईओ ने इस्तीफा दिया

07 Jul 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली। माइंडट्री पर एलएंडटी के नियंत्रण के 48 घंटे के भीतर सूचना-प्रौद्योगिकी क्षेत्र की कंपनी के संस्थापकों कृष्णकुमार नटराजन, पार्थसार्थी एनएस और रोस्तो रवणन ने निदेशक मंडल और अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही नये प्रवर्तकों के लिए नयी नियुक्तियां करने का रास्ता साफ हो गया है। माइंडट्री ने शुक्रवार को शेयर बाजारों को जानकारी दी कि चेयरमैन नटराजन, उपाध्यक्ष पार्थसारथी एनएस और मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवणन ने कंपनी से त्यागपत्र दे दिया है।

कंपनी ने कहा कि वह आने वाले कुछ दिनों में नये नेतृत्व की घोषणा करेगी। पिछले कुछ सप्ताह से रवणन के पद छोड़ने को लेकर अटकलें चल रही थीं। खबरों के मुताबिक एलएंडटी चाहती थी कि रवणन अपने पद से इस्तीफा दें क्योंकि नये मालिक शीर्ष स्तर पर प्रबंधन में आमूलचूल परिवर्तन चाहते थे।

माइंडट्री ने कहा, ...पांच जुलाई, 2019 को निदेशक मंडल की बैठक में कृष्णकुमार नटराजन (कार्यकारी चेयरमैन), पार्थसारथी एनएस (कार्यकारी वाइस चेयरमैन और मुख्य कार्यकारी अधिकारी) और रोस्तो रावणन (सीईओ और प्रबंध निदेशक) ने निदेशक मंडल के सदस्य एवं कंपनी के कर्मचारी के अपने पदों से इस्तीफा दे दिया। कंपनी ने बताया है कि कर्मचारी अनुबंध के मुताबिक ये तीनों अधिकारी 17 जुलाई, 2019 तक बोर्ड के सदस्य एवं कर्मचारी बने रहेंगे।



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बजट पेश होने से पहले शेयर बाजार का सेंसेक्स 40,000 अंक के पार, निफ्टी में भी उछाल

05 Jul 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

मुंबई। बजट पेश होने से पहले बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स सूचकांक शुक्रवार को शुरुआती कारोबार में एक बार फिर 40,000 अंक के स्तर पर पहुंच गया। बंबई शेयर बाजार का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सुबह साढ़े नौ बजे 114.67 अंक यानी 0.29 प्रतिशत बढ़कर 40,022.73 अंक पर पहुंच गया। इसके बाद 10 बजकर 15 मिनट पर नीचे आकर 48.84 अंक यानी 0.12 प्रतिशत बढ़कर 39,956.90 अंक पर कारोबार कर रहा था।

इसी प्रकार, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी शुरुआती दौर में 9.85 अंक यानी 0.08 प्रतिशत बढ़कर 11,956.60 अंक पर पहुंच गया। अन्य एशियाई बाजारों में,शंघाई कंपोजिट सूचकांक ,हेंगसेंग ,निक्की और कॉस्पी में भी शुरुआती कारोबार में सीमित दायरे में रहे। शेयर बाजार के पास मौजूद आरंभिक आंकड़ों के मुताबिक ,विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों ने बृहस्पतिवार को शुद्ध रूप से 28.95 करोड़ रुपये के शेयर बेचे जबकि घरेलू संस्थागत निवेशक 58.59 करोड़ रुपये के शेयर के शुद्ध लिवाल रहे।



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पेश किये जाने वाले उत्पादों पर मुख्य ध्यान "भारत पहले" पर होगा: सैमसंग

01 Jul 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

सियोल। सैमसंग ने सोमवार को कहा कि नयी पीढ़ी को ध्यान में रखकर पेश किये जाने वाले उत्पादों के लिए उसका मुख्य ध्यान भारत पहले पर होगा। भारत के स्मार्टफोन बाजार में चीन की मोबाइल निर्माता शाओमी से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना कर रही कंपनी ने कहा कि वह एक महीने के भीतर ही भारतीय बाजार में ए80 स्मार्टफोन पेश कर सकती है। सैमसंग के नवोन्मेष उत्पाद योजना समूह के प्रमुख यून जिओंग किम ने कहा कि भारत हमारे लिए सबसे बड़े बाजारों में से एक है। यह तेजी से बदलता बाजार है। अगर हम भारत में बढ़त हासिल कर लेते हैं तो किसी भी वैश्विक बाजार में ऐसा कर पाएंगे। उन्होंने कहा कि पिछले कई महीनों में सैमसंग ने अन्य बाजारों की तुलना में भारत में अपने उत्पाद पहले पेश किए। जिओंग किम ने कहा कि हम भारतीय बाजार में अपने कई उत्पाद सबसे पहले पेश करते हैं और हम इस रणनीति को जारी रखेंगे।



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PM मोदी ने बजट पेश होने से पहले अर्थशास्त्रियों, उद्योग विशेषज्ञों के साथ की बैठक

23 Jun 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली। मुश्किल आर्थिक हालात के बीच अगले महीने पेश होने वाले बजट से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को प्रमुख अर्थशास्त्रियों और उद्योग विशेषज्ञों से बातचीत की और उनके सुझावों पर गौर किया। मोदी की यह मुलाकात इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि उनके नेतृत्व में गठित नयी सरकार का पहला बजट पांच जुलाई को पेश किया जाना है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लोकसभा में बजट पेश करेंगी। प्रधानमंत्री के साथ इस बैठक का आयोजन नीति आयोग ने ‘आर्थिक नीति:आगे का रास्ता’सत्र के तौर पर किया। इसमें 40 से अधिक अर्थशास्त्रियों एवं विशेषज्ञों ने भाग लिया। प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार सत्र में भाग लेने वालों ने अपने विचार साझा किए। बैठक में पांच अलग अलग आर्थिक समूहों में विचार व्यक्त किये गये। इनमें वृहद अर्थव्यवस्था एवं रोजगार, कृषि एवं जल संसाधन, निर्यात, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे अहम क्षेत्रों पर चर्चा की गई।

अर्थव्यवस्था के विभिन्न पहुलुओं पर विशेषज्ञों की टिप्पणियों और सुझावों के लिए मोदी ने सभी का धन्यवाद किया। बैठक में वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के अलावा नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।



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सुंदर पिचई ने कहा, गूगल चीन में अपनी सेवाओं को फिर से नहीं करेगा शुरू

19 Jun 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

न्यूयॉर्क। गूगल के भारतीय मूल के सीईओ सुंदर पिचई ने कहा है कि कंपनी हालात सही हुए बिना चीन में अपनी सेवाओं को फिर से शुरू नहीं करेगा। चीन की सख्त सेंसरशिप नीतियों के विरोध में 2010 में दिग्गज प्रौद्योगिकी कंपनी वहां से हट गयी थी। गूगल को पिछले साल उन खबरों के बाद काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा था कि कंपनी चीन में सर्च इंजन कारोबार को फिर से शुरू करने की संभावनाएं तलाश रही है। सीएनएन के साथ साक्षात्कार में 46 वर्षीय पिचई ने कहा कि गूगल चीनी सर्च इंजन पर तत्परता से काम नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि गूगल चीन एवं वहां के करोड़ों इंटरनेट उपयोक्ताओं को नजरंदाज करके चल रही है।पिचई ने कहा कि चीन में हमारी सेवाओं को फिर से शुरू करने की हमारी कोई योजना नहीं है। उन्होंने कहा कि गूगल अपने करोड़ों उपयोक्ताओं को सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए तत्पर रहता है और उसका मकसद सूचना उपलब्ध कराना है। पिचाई ने कहा कि गूगल अंतरराष्ट्रीय नियमों एवं प्रावधानों को पालन करने को लेकर प्रतिबद्ध है। गूगल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने कहा कि चीन में सेवाओं की फिर से शुरुआत के लिए गूगल को सही हालात चाहिए होगा। कंपनी के मुताबिक सेवाओं को फिर से शुरू करने के लिए जरूरी है कि वहां सेंसरशिप से मुक्त इंटरनेट सेवाएं हों। हालांकि, पिचई ने अधिक विवरण देने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि मैं काल्पनिक स्थिति के बारे में अटकल नहीं लगाना चाहता। पिचाई ने कहा कि हमारी कोई योजना नहीं है और आपको मालूम है कि हम इस पर समय व्यतीत नहीं कर रहे।



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व्यावसायिक इमारतों में जगह खरीदने वाले अपनी संपत्ति को करा सकते हैं फ्रीहोल्ड: डीडीए

15 Jun 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

नयी दिल्ली। दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने व्यावसायिक भवन में छोटी इकाइयों के खरीददारों को शुक्रवार को राहत देते हुए उन्हें अपनी संपत्ति फ्रीहोल्ड कराने की स्वीकृति दी है। अधिकारियों ने बताया कि यहां राजनिवास में उपराज्यपाल अनिल बैजल की अध्यक्षता में शहरी निकाय के अधिकारियों की बैठक में यह फैसला लिया गया। डीडीए ने एक बयान में कहा, डीडीए व्यावसायिक केंद्रों के विकास के लिए बने व्यावसायिक प्लॉटों की नीलामी करता है। डेवलपर या नीलामी में खरीद करने वाला व्यक्ति ऐसे भूखंडों पर व्यावसायिक इमारतों को निर्माण करता है और अलग-अलग लोगों को दुकानें, घर, जगहें बेचता है।“डीडीए की लीज की शर्तों के मुताबिक नीलामी में खरीद करने वाला व्यक्ति पट्टेदार होने के नाते ऐसी दुकानों या जगहों को आगे बेचता है लेकिन अपार्टमेंट संबंधी दस्तावेज इन खरीददारों के पक्ष में नहीं लिखता है जिससे संपत्ति पर मालिकाना हक अधूरा रहता है और यह किसी और को बेचा नहीं जा सकता।”



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भारत के फैसले ने पाकिस्तान में सिख समुदाय को निराश किया है: तारा सिंह

15 Jun 2019 [ स.ऊ.संवाददाता ]

लाहौर। पाकिस्तान ने शुक्रवार को दावा किया कि भारत ने उसकी ट्रेन को सीमा पार करने और जोर मेला उत्सव के लिए करीब 200 सिख यात्रियों को यहां लाने की इजाजत नहीं दी। इवैक्यूई ट्रस्ट प्रॉपर्टी बोर्ड (ईटीपीबी) के प्रवक्ता आमिर हाशमी ने बताया, “पाकिस्तान ने करीब 200 भारतीय सिखों को जोर मेला (गुरु अर्जुन देव जी की पुण्यतिथि) में शामिल होने के लिए वीजा जारी किया था और वह एक पाकिस्तानी ट्रेन से शुक्रवार को यहां पहुंचने वाले थे। लेकिन भारत सरकार ने सिख यात्रियों को यहां लाने के लिए पाकिस्तानी ट्रेन को अपनी सीमा में प्रवेश देने से इनकार कर दिया।”

हाशमी ने दावा किया, “हम इंतजार कर रहे सिख यात्रियों को लाने के लिए पाकिस्तानी ट्रेन को सीमा पार करने देने के संबंध में सीमा पर भारतीय अधिकारियों के साथ संपर्क में रहे लेकिन उन्होंने साफ इनकार कर दिया।” उन्होंने कहा कि भारतीय अधिकारियों ने अपने इनकार की वजह नहीं बताई। ईटीपीबी एक सरकारी विभाग है जो पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के धार्मिक स्थलों एवं मामलों को देखता है। उन्होंने कहा, “हमने भारतीय निर्णय का विरोध किया है। चूंकि पाकिस्तानी उच्चायोग (दिल्ली में) ने 200 सिख यात्रियों को वीजा जारी किया था तो उन्हें लाहौर आने से रोकने की कोई वजह नहीं थी।” साथ ही उन्होंने कहा कि यह मुद्दा सरकारी स्तर पर उठाया जाएगा।

पाकिस्तान सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी (पीएसजीपीसी) के अध्यक्ष तारा सिंह ने कहा कि भारत के फैसले ने पाकिस्तान में सिख समुदाय को निराश किया है। इस बीच अमृतसर में यूनाइटेड अकाली दल के महासचिव परमजीत सिंह जिजानी ने भी दावा किया कि भारतीय रेलवे ने पाकिस्तान से आने वाली ट्रेन को अटारी रेलवे स्टेशन में प्रवेश करने की इजाजत नहीं दी। वह पाकिस्तान जा रहे सिख समूह की अगुवाई कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान दूतावास ने लाहौर एवं करतारपुर साहिब गुरुद्वारा समेत पड़ोसी देश के कुछ अन्य सिख धर्मस्थलों पर जाने के लिए सभी 130 सिख सदस्यों को पहले ही सात दिनों का वीजा जारी कर दिया था। हालांकि अटारी रेलवे स्टेशन पर सुबह ही श्रद्धालुओं को सूचित कर दिया गया था कि भारतीय अधिकारियों ने वाघा से आ रही ट्रेन को स्टेशन में प्रवेश की इजाजत नहीं दी है। उन्होंने बताया कि यह भारत से सिख श्रद्धालुओं को ले जाने वाली विशेष ट्रेन थी।



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